किसी को पैसे भेजने के लिए पहले उसका account number, IFSC और नाम तीनों सही चाहिए होते थे. Passbook न मिले, एक अंक गलत हो जाए या सामने वाला अपनी bank details बताने में हिचकिचाए, तो payment घंटों टल जाता था.
UPI ने इस समस्या का हल दिया Virtual Payment Address यानी VPA से. यह एक छोटा सा पता है, जैसे name@okaxis, जो पीछे से आपके bank account से जुड़ा होता है. भेजने वाले को सिर्फ यह पता चाहिए, आपका account number नहीं.
इस लेख में समझेंगे कि VPA पर्दे के पीछे कैसे काम करता है, account number और IFSC से यह कितना अलग है, VPA पर पैसे भेजते समय कौन से 4 कदम सबसे ज़रूरी हैं, और गलत VPA पर पैसा चला जाए तो क्या करें.
इस लेख में आप जानेंगे
✔ VPA का मतलब और UPI ID से इसका रिश्ता
✔ VPA से payment पर्दे के पीछे कैसे route होता है
✔ VPA बनाम account number और IFSC की तुलना
✔ VPA पर सुरक्षित payment के 4 steps
✔ VPA कब बंद हो सकता है और digital rupee से क्या फर्क है
✔ गलत VPA पर पैसा जाने पर शिकायत का सही क्रम
मुख्य जानकारी एक नज़र में
| Full form | Virtual Payment Address (VPA) |
| दूसरा नाम | UPI ID, दोनों एक ही चीज़ |
| Format | पहचान@handle, जैसे name@ybl |
| किसके लिए ज़रूरी | पैसे लेने के लिए, भेजने वाले को सिर्फ VPA चाहिए |
| Inactive VPA | NPCI के 2023 circular के बाद साल भर inactive IDs बंद की गईं |
| P2P collect request | 1 अक्टूबर 2025 से बंद |
| Official website | npci.org.in |
| Last updated | 30 अक्टूबर 2026 |
Virtual Payment Address क्या है और UPI ID से इसका रिश्ता
Virtual Payment Address एक ऐसा पता है जो असली bank account की जगह इस्तेमाल होता है. “Virtual” इसलिए कहा गया क्योंकि यह खुद कोई खाता नहीं है, बस खाते तक पहुँचने का नाम है. आम बोलचाल में इसे UPI ID कहते हैं, और Google Pay जैसे apps अपनी help pages में “UPI ID or VPA” लिखकर दोनों को एक ही मानते हैं.
एक आसान उदाहरण से समझिए. आपका घर का पूरा पता लंबा है, पर पड़ोस में लोग “डॉक्टर साहब का घर” कहकर भी पहुँच जाते हैं. VPA वैसा ही छोटा पहचान वाला नाम है, जिसके पीछे UPI system असली पता यानी account number और IFSC खुद ढूंढ लेता है.

VPA बनाने, देखने और बदलने का पूरा तरीका हमने UPI ID Kya Hota Hai वाले लेख में step-by-step बताया है. इस लेख में हम VPA के काम करने के तरीके, सुरक्षित payment और नियमों पर ध्यान देंगे.
VPA का format और handle का असली मतलब
हर VPA के दो हिस्से होते हैं. @ से पहले आपकी पहचान होती है, जैसे mobile number या नाम. @ के बाद handle होता है, जो उस PSP bank का होता है जिसके ज़रिए app UPI से जुड़ा है. इसका आपके खाते वाले bank से सीधा संबंध नहीं होता.
| App | VPA का उदाहरण | PSP Bank |
|---|---|---|
| PhonePe | name@ybl / name@ibl / name@axl | Yes Bank / ICICI Bank / Axis Bank |
| Google Pay | name@oksbi / name@okaxis / name@okicici / name@okhdfcbank | SBI / Axis / ICICI / HDFC |
| Paytm | name@ptyes / name@ptaxis / name@pthdfc / name@ptsbi | Yes / Axis / HDFC / SBI |
| Amazon Pay | name@apl | Axis Bank |
पुराने लेख में @ibl को IDBI Bank का handle बताया गया था, जो गलत है. NPCI की Third Party Apps सूची के अनुसार PhonePe का @ibl handle ICICI Bank का है. इसकी विस्तृत जानकारी IBL UPI किस bank का है वाले लेख में है. इसी तरह Paytm की पुरानी @paytm IDs 2024 में @pt वाले नए handles पर shift हो चुकी हैं.

VPA पर भेजा गया पैसा पर्दे के पीछे कैसे पहुँचता है
जब आप किसी VPA पर payment करते हैं, तो एक छोटी सी chain चलती है. आपका app अपने PSP bank को request भेजता है. PSP bank इसे NPCI के UPI switch तक पहुँचाता है. NPCI देखता है कि VPA का handle किस PSP bank का है, और उस PSP से पूछता है कि यह VPA किस खाते से जुड़ा है.
इसके बाद आपके bank से पैसा कटता है, यानी debit, और सामने वाले के bank में जमा होता है, यानी credit. इस पूरे रास्ते में न आपको उसका account number दिखता है, न उसे आपका. दोनों को सिर्फ नाम, VPA और एक transaction reference number दिखता है, जिसे UTR या UPI Ref No. कहते हैं.
VPA बनाम account number और IFSC
| बात | VPA से UPI | Account number + IFSC (NEFT/IMPS) |
|---|---|---|
| क्या बताना पड़ता है | सिर्फ VPA या QR | पूरा account number, IFSC, नाम |
| Privacy | Account number छुपा रहता है | Account details साझा होती हैं |
| नाम की जाँच | Payment से पहले registered नाम दिखता है | कई बार beneficiary add करते समय ही |
| Debit कैसे confirm | UPI PIN | Net banking password, OTP |
| गलती का खतरा | कम, क्योंकि नाम दिख जाता है | एक अंक गलत होने पर दिक्कत |
पुराने लेख में account number को “16 अंकों का” लिखा गया था. असल में अलग-अलग banks में account number की लंबाई अलग होती है, जबकि IFSC हमेशा 11 characters का होता है.
VPA पर पैसे कैसे भेजें: सुरक्षित Step-by-Step तरीका
हर UPI app में बटनों के नाम थोड़े अलग हो सकते हैं, लेकिन VPA पर payment की प्रक्रिया लगभग एक जैसी होती है. नीचे के 4 कदम ध्यान से अपनाएं, खासकर पहली बार किसी नए व्यक्ति या दुकान को payment करते समय.
Step 1: App में UPI ID पर भेजने का विकल्प खोलें
UPI app की home screen पर Pay UPI ID, To UPI ID या Send money जैसा विकल्प चुनें. अगर सामने वाले का QR है, तो QR scan करना सबसे सुरक्षित है क्योंकि उसमें VPA टाइप करने की गलती का खतरा नहीं रहता.

Step 2: VPA डालें और registered नाम verify करें
सामने वाले की VPA ध्यान से टाइप करें और Verify या Continue दबाएं. App bank में registered नाम दिखाएगा. यह नाम उसी व्यक्ति या दुकान से मेल खाना चाहिए. नाम अलग दिखे तो वहीं रुकें और फोन करके VPA दोबारा पूछें.

Step 3: Amount और note डालकर UPI PIN से confirm करें
रकम डालें और चाहें तो एक छोटा note लिखें, जैसे “अक्टूबर का किराया”. यह note दोनों तरफ history में दिखता है और बाद में हिसाब में मदद करता है, जिसके बारे में VPA Remark वाला लेख देखें. फिर सही bank account चुनकर UPI PIN डालें.

Step 4: Receipt और UTR संभालकर रखें
Payment successful होने पर screen पर UPI transaction ID या UTR दिखता है. बड़ी रकम हो तो इसका screenshot रखें या receipt share कर दें. Payment pending दिखे तो दोबारा उसी VPA पर पैसे न भेजें, पहले status साफ होने दें. UTR का उपयोग UPI UTR Number वाले लेख में समझाया गया है.

किसी भी UPI app से Virtual Payment Address पर सुरक्षित तरीके से पैसे भेजने का तरीका.
App में UPI ID पर भेजने का विकल्प खोलें
Pay UPI ID, To UPI ID या Send money चुनें, QR हो तो scan करें.
VPA डालें और registered नाम verify करें
VPA टाइप करके Verify दबाएं और दिखा नाम मिलाएं.
Amount और note डालकर UPI PIN से confirm करें
रकम और note लिखें, सही bank account चुनकर UPI PIN डालें.
Receipt और UTR संभालकर रखें
Success के बाद UTR का screenshot रखें, pending हो तो दोबारा पैसे न भेजें.
VPA से पैसे लेना: request, QR और UPI Number
पैसे लेने के लिए आपको कुछ नहीं करना होता, बस अपनी VPA, QR या UPI Number देना होता है. पैसा सीधे linked खाते में आता है. पैसा पाने के लिए UPI PIN कभी नहीं लगता, यह सबसे ज़रूरी नियम है.
पुराने लेख में “Request Money” से किसी से पैसे मांगने का तरीका बताया गया था. NPCI के निर्देश के बाद 1 अक्टूबर 2025 से दो लोगों के बीच का collect request यानी P2P collect बंद है, क्योंकि इसका सबसे ज़्यादा दुरुपयोग ठगी में होता था. Merchant की तरफ से आने वाले कुछ request, जैसे online order के समय, अभी भी आ सकते हैं. किसी भी request को approve करने का मतलब है आपके खाते से पैसा जाना.
Mobile number से पैसे लेने का तरीका UPI Number है. NPCI के अनुसार यह आपकी VPA का alias है, जो mobile number या 8-9 अंकों का नंबर हो सकता है, और इसके लिए पहले से VPA होना ज़रूरी है.
VPA कब बंद होता है और कितने VPA रख सकते हैं
पुराने लेख में लिखा था कि VPA कभी expire नहीं होता. यह पूरी तरह सही नहीं. NPCI ने 7 नवंबर 2023 के circular में apps और banks को कहा था कि एक साल से ज़्यादा समय से inactive UPI IDs और numbers 31 दिसंबर 2023 तक बंद करें, ताकि नए व्यक्ति को मिले पुराने mobile number पर गलती से पैसा न चला जाए. इसलिए लंबे समय तक इस्तेमाल न होने पर VPA बंद हो सकता है.
Bank account बंद होने पर या आपके खुद हटाने पर भी VPA खत्म हो जाता है. App uninstall करने के बाद वही VPA वापस मिलेगा या नहीं, यह app के नियमों पर निर्भर है. उदाहरण के लिए Google Pay Help कहता है कि पुरानी ID तभी वापस मिलती है जब phone number, device, bank account और Google Account सब वही हों. Google Pay में एक bank account पर अधिकतम 4 UPI ID रखी जा सकती हैं.
Digital Rupee wallet और VPA में फर्क
RBI का retail Digital Rupee (e₹-R) एक pilot project है, जिसमें पैसा bank के e₹ wallet में digital token के रूप में रहता है. 2023 से SBI, HDFC Bank और Axis Bank जैसे banks ने अपने e₹ apps में UPI QR scan करके payment की सुविधा जोड़ी है, ताकि दुकानदार को अलग QR न रखना पड़े. पुराने लेख में e₹ wallet के लिए लिखा गया “@digicbank” जैसा handle किसी official स्रोत से पुष्ट नहीं हुआ, इसलिए उसे हटा दिया गया है. आम user के लिए साधारण VPA ही काफी है.
Virtual Payment Address की सुरक्षा: क्या करें, क्या न करें
VPA अपने आप में सुरक्षित है, क्योंकि इससे कोई debit नहीं कर सकता. ठगी हमेशा user को बहकाकर होती है. Bihar समेत कई राज्यों में ठग खुद को सरकारी अफसर, army का जवान, OLX खरीदार या customer care बताकर लोगों से PIN डलवाते हैं.
| क्या करें | क्या न करें |
|---|---|
| VPA या QR देकर पैसे लें | पैसे पाने के लिए PIN डालें |
| Payment से पहले registered नाम मिलाएं | अनजान link से app download करें |
| बड़ी रकम से पहले ₹1 का test payment करें | Screen share या remote app चालू करें |
| Customer care सिर्फ app के अंदर से लें | Search में मिला helpline number मानें |
| ठगी होने पर तुरंत 1930 पर call करें | शिकायत में देरी करें |

Bihar के छोटे दुकानदारों के लिए एक खास सावधानी: ग्राहक के phone पर दिख रहे “successful” screen पर भरोसा न करें. हमेशा अपने app, bank SMS या sound box पर पैसा आने की पुष्टि करें, क्योंकि नकली payment screenshot वाले मामले आम हैं.
गलत VPA पर पैसा चला गया तो क्या करें
अगर टाइपिंग की गलती से पैसा किसी दूसरे VPA पर चला गया, तो UPI में इसे अपने आप वापस लेने का कोई बटन नहीं होता. पैसा वापस आना सामने वाले की सहमति और bank की प्रक्रिया पर निर्भर करता है. फिर भी जल्दी शिकायत करने से संभावना बढ़ती है.
- उसी UPI app की history में transaction खोलकर help या dispute विकल्प से complaint करें और UTR नोट करें.
- अपने bank की branch या customer care में लिखित शिकायत दें.
- ठगी का मामला हो तो तुरंत 1930 पर call करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें.
- Bank से 30 दिन में संतोषजनक जवाब न मिले तो RBI CMS पर या 14448 पर शिकायत करें.
यह भी पढ़ें: UPI ID Kya Hota Hai: बनाने, खोजने और बदलने का पूरा तरीका
💡 प्रो टिप: किसी नए VPA पर पहली बार बड़ी रकम भेजनी हो, जैसे किराया या fees, तो पहले ₹1 भेजकर सामने वाले से पुष्टि करा लें. फिर उस VPA को app में contact या beneficiary के रूप में save कर लें, ताकि अगली बार टाइप करने की ज़रूरत ही न पड़े.
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Virtual Payment Address का मतलब क्या है?
Virtual Payment Address यानी VPA आपके bank account का UPI पर इस्तेमाल होने वाला छोटा पता है, जैसे name@ybl. इसे आम तौर पर UPI ID भी कहते हैं.
क्या VPA और UPI ID एक ही हैं?
हाँ. दोनों एक ही चीज़ के नाम हैं. Technical भाषा में VPA और apps में आमतौर पर UPI ID लिखा होता है.
PhonePe का @ibl handle किस bank का है?
NPCI की Third Party Apps सूची के अनुसार @ibl ICICI Bank का handle है, IDBI का नहीं. PhonePe के बाकी handles @ybl (Yes Bank) और @axl (Axis Bank) हैं.
क्या VPA कभी बंद हो सकता है?
हाँ. NPCI के नवंबर 2023 के circular के बाद एक साल से ज़्यादा inactive IDs बंद की गईं. Bank account बंद होने या ID हटाने पर भी VPA खत्म हो जाता है.
क्या किसी की VPA जानकर उसके खाते से पैसे निकाले जा सकते हैं?
नहीं. हर debit के लिए account holder का UPI PIN चाहिए. इसलिए VPA बताना सुरक्षित है, PIN नहीं.
गलत VPA पर भेजा पैसा कैसे वापस मिलेगा?
App में transaction पर complaint करें, फिर अपने bank को लिखित शिकायत दें. 30 दिन में हल न हो तो RBI CMS या 14448 पर जाएं. ठगी हो तो 1930 पर call करें.
निष्कर्ष: Virtual Payment Address से सुरक्षित UPI
Virtual Payment Address ने पैसे भेजने को उतना ही आसान बना दिया है जितना किसी को message भेजना. यह आपके account number को छुपाता है, payment से पहले नाम दिखाता है और हर debit के लिए UPI PIN मांगता है. Handle सिर्फ PSP bank का संकेत है, आपके खाते वाले bank का नहीं.
सुरक्षित रहने के लिए तीन आदतें काफी हैं: नाम मिलाकर ही payment करें, पैसे पाने के लिए कभी PIN न डालें, और गड़बड़ी होने पर तुरंत app, bank और 1930 के ज़रिए शिकायत करें.
Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी के लिए है. UPI handles, app के menu और NPCI के नियम समय के साथ बदल सकते हैं. कोई भी कदम उठाने से पहले NPCI, RBI, अपने bank या UPI app की official जानकारी ज़रूर देखें.








