QR code scan किया, PIN डाला और पैसा चला गया, लेकिन बाद में पता चला कि सामने वाला ठग था. ऐसे समय सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि शिकायत कहां करें, app वाली company मदद करेगी या bank, और पैसा वापस मिलने की उम्मीद कितनी है.
PhonePe GPay Paytm जैसे UPI apps से रोज़ करोड़ों payments होते हैं. ये apps NPCI के नियमों के तहत काम करते हैं और fraud की शिकायत के लिए इनके पास तय रास्ता है. फर्क सिर्फ इतना है कि शिकायत सही क्रम में और जल्दी करनी पड़ती है.
पुराने version में कहा गया था कि इन apps के पास transaction की जानकारी नहीं होती और ये शिकायत नहीं सुलझा सकते, जो NPCI के dispute नियमों के हिसाब से सही नहीं है. इस लेख में UPI कैसे काम करता है, fraud से बचने के तरीके और शिकायत के steps official स्रोतों से मिलाकर दिए गए हैं.
इस लेख में आप जानेंगे
✔ UPI payment में app, bank और NPCI की असली भूमिका
✔ PhonePe GPay Paytm पर सबसे आम fraud और उनसे बचाव
✔ Fraud होने पर 1930, app, bank और RBI तक शिकायत के 4 steps
✔ RBI का zero liability नियम कब लागू होता है
✔ Banking app, BHIM और third-party app में असली फर्क
मुख्य जानकारी एक नज़र में
| विषय | जानकारी |
|---|---|
| Cyber fraud helpline | 1930 (National Cyber Crime Reporting) |
| Online शिकायत | cybercrime.gov.in |
| App में पहली शिकायत | जिस UPI app से payment हुआ, उसका Help section |
| शिकायत का क्रम (NPCI) | UPI app, PSP bank, आपका bank, फिर NPCI |
| RBI शिकायत | cms.rbi.org.in (bank 30 दिन में हल न करे तो) |
| UPI के नियम | npci.org.in, rbi.org.in |
| आखिरी अपडेट | 30 अक्टूबर 2026 |
PhonePe GPay Paytm से UPI payment असल में कैसे होता है
UPI में तीन हिस्से होते हैं. पहला, आपका UPI app जैसे PhonePe, Google Pay या Paytm, जिसे Third Party Application Provider (TPAP) कहा जाता है. दूसरा, Payment Service Provider (PSP) bank, जिसके ज़रिए यह app UPI से जुड़ा है. तीसरा, NPCI का UPI switch, जो banks के बीच संदेश पहुंचाता है.

जब आप payment करते हैं, तो app आपकी request PSP bank के ज़रिए NPCI को भेजता है. NPCI इसे आपके bank तक पहुंचाता है, जो आपका UPI PIN जांचकर खाते से पैसा काटता है. फिर पैसा पाने वाले के bank में जमा होता है. पुराने लेख में लिखा था कि NPCI खुद आपके खाते से पैसा काटता है, जो सही नहीं है. पैसा हमेशा banks के बीच जाता है, NPCI सिर्फ switch है.

इसका मतलब यह है कि हर transaction का record आपके bank, PSP bank और app, तीनों के पास होता है. NPCI के dispute redressal नियमों के अनुसार शिकायत की पहली जगह वही UPI app है जिससे payment हुआ, और app को complaint का status app के अंदर दिखाना होता है.
PhonePe GPay Paytm या bank app: कौन ज़्यादा सुरक्षित
सुरक्षा का आधार एक ही है: UPI PIN, आपका registered mobile number और device binding. यह PhonePe, Google Pay, Paytm, BHIM और bank के अपने app, सब पर लागू है. फर्क features और शिकायत के रास्ते में है.
| पहलू | PhonePe / GPay / Paytm | Bank का app या BHIM |
|---|---|---|
| Payment की सुरक्षा | UPI PIN और device binding | UPI PIN और device binding |
| पहली शिकायत | App का Help section | Bank का app, branch या customer care |
| Escalation | PSP bank, आपका bank, फिर NPCI | आपका bank, फिर NPCI |
| RBI Ombudsman | Bank के खिलाफ शिकायत के ज़रिए | Bank के खिलाफ सीधे |
| Offers और cashback | ज़्यादा, इसलिए नकली offer वाले संदेश भी ज़्यादा | कम |
| कई banks के खाते | एक app में जोड़ सकते हैं | आम तौर पर अपना bank, BHIM में कई |
यानी कोई app अपने आप “unsafe” नहीं है. ज़्यादातर fraud तब होते हैं जब ग्राहक खुद ठग के कहने पर PIN डाल देता है, नकली QR scan करता है या screen-sharing app install कर लेता है. इसलिए app बदलने से ज़्यादा ज़रूरी है सही आदतें अपनाना.
PhonePe GPay Paytm पर सबसे आम UPI fraud
| Fraud का तरीका | कैसे होता है | बचाव |
|---|---|---|
| Collect request fraud | ठग पैसे भेजने के बहाने “request” भेजता है, PIN डालते ही पैसा कट जाता है | पैसा लेने के लिए PIN कभी नहीं लगता, अनजान request decline करें |
| नकली QR code | दुकान के QR पर दूसरा sticker या refund के नाम पर QR | Payment से पहले screen पर नाम जांचें, QR सिर्फ भुगतान के लिए है |
| Fake customer care | Internet पर नकली helpline number, फिर remote access app | Number सिर्फ app के Help section या official site से लें |
| Screen sharing app | मदद के नाम पर app install करवाकर PIN और OTP देख लेना | किसी के कहने पर ऐसे apps install न करें |
| नकली payment screenshot | दुकानदार को fake “successful” screen दिखाना | अपने app या bank SMS में पैसा आया या नहीं, यह देखें |
| Cashback और lottery link | SMS या WhatsApp पर इनाम का link | ऐसे links न खोलें, offers सिर्फ app के अंदर देखें |
नकली payment apps और screenshots पहचानने का पूरा तरीका हमारे Fake UPI Payment App लेख में है. UPI PIN सुरक्षित रखने और बदलने के steps UPI PIN Change गाइड में देखें.

UPI fraud होने पर शिकायत कैसे करें: Step-by-step
Fraud में हर मिनट कीमती है. नीचे के चारों steps जितनी जल्दी हो सके करें. पहले दो steps एक साथ भी कर सकते हैं.
Step 1: तुरंत 1930 पर call करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत करें
National Cyber Crime Reporting Portal का helpline number 1930 है. Call पर अपना नाम, mobile number, bank का नाम, transaction की तारीख, रकम और UTR या transaction ID बताएं. जल्दी शिकायत होने पर पैसा ठग के खाते में रोके जाने (hold) की संभावना बढ़ती है. Call न लगे तो cybercrime.gov.in पर “Report Cyber Crime” में financial fraud की शिकायत दर्ज करें और acknowledgement number संभालकर रखें.

Step 2: जिस app से payment हुआ, उसमें शिकायत दर्ज करें
PhonePe में ऊपर दाईं ओर “?” (Help) icon दबाएं, “Have an issue with the transaction” चुनें, फिर “Report your issue” पर जाकर विवादित transaction चुनें और fraud का कारण बताएं. Ticket बन जाता है. PhonePe की official site support.phonepe.com पर “Report a fraud or unauthorized activity” का form भी है, और उसका customer care number 080-68727374 है.
Google Pay की help के अनुसार fraud की सूचना सबसे पहले अपने bank और cyber crime police को दें. App में fraud करने वाले के profile पर जाकर ऊपर दाईं ओर More और फिर Report user दबा सकते हैं. Customer care के लिए सिर्फ app का Help या Support section इस्तेमाल करें. Paytm में भी app के Help & Support section से transaction चुनकर शिकायत करें, internet पर मिले किसी number पर भरोसा न करें.

Step 3: अपने bank को लिखित सूचना दें और UPI block कराएं
अपने bank के customer care, net banking या branch में unauthorized transaction की लिखित शिकायत करें. Bank से UPI, debit card या net banking अस्थायी रूप से block करने को कहें और complaint number लें. RBI के 2017 के customer protection नियमों के अनुसार अगर गलती न bank की हो न ग्राहक की, और आप 3 कामकाजी दिनों में सूचना दें, तो unauthorized electronic transaction में आपकी liability शून्य होती है.
ध्यान रहे, अगर आपने खुद ठग के कहने पर PIN डाला या OTP बताया, तो bank इसे आपकी लापरवाही मान सकता है और यह सुरक्षा पूरी तरह लागू नहीं होती. ऐसे मामलों में 1930 पर तुरंत शिकायत ही पैसा रोकने का सबसे अच्छा रास्ता है.

Step 4: हल न मिले तो NPCI और RBI तक जाएं
NPCI के नियमों के अनुसार शिकायत का क्रम है: UPI app, PSP bank, आपका bank और फिर NPCI. NPCI की website पर UPI dispute redressal page पर इसकी जानकारी है. अगर bank 30 दिन में जवाब न दे या जवाब से संतुष्ट न हों, तो RBI के Complaint Management System (cms.rbi.org.in) पर Integrated Ombudsman Scheme के तहत शिकायत करें. वहां “File A Complaint” चुनकर bank का नाम, complaint number और transaction details भरें.

UPI fraud होने पर PhonePe, Google Pay या Paytm payment की शिकायत करने का तरीका
1930 पर call करें
तुरंत 1930 पर call करें या cybercrime.gov.in पर financial fraud की शिकायत दर्ज करें.
App में शिकायत करें
जिस UPI app से payment हुआ, उसके Help section में transaction चुनकर fraud report करें.
Bank को सूचना दें
अपने bank को लिखित शिकायत दें, UPI या card block कराएं और complaint number लें.
Escalate करें
हल न मिले तो NPCI के dispute process और 30 दिन बाद RBI के cms.rbi.org.in पर शिकायत करें.
Wrong transfer और payment fail होने पर क्या करें
हर समस्या fraud नहीं होती. अगर पैसा गलती से गलत UPI ID पर चला गया, तो app में उसी transaction पर शिकायत करें और अपने bank को बताएं. Bank सामने वाले bank से संपर्क करता है, लेकिन पैसा लौटाना पाने वाले की सहमति पर निर्भर हो सकता है.
अगर खाते से पैसा कट गया पर सामने वाले को नहीं मिला, तो यह failed transaction है. RBI के turnaround time नियमों के अनुसार ऐसे UPI transaction में पैसा तय समय में अपने आप लौटना चाहिए, और देरी पर bank को मुआवज़ा देना होता है. Payment fail होने के कारण और हल हमारे UPI Not Working लेख में हैं, और UTR number कहां मिलेगा यह UPI UTR Number गाइड में देखें.
UPI सुरक्षित रखने के 8 ज़रूरी नियम
- पैसा लेने के लिए UPI PIN कभी नहीं लगता. PIN डालने का मतलब है पैसा भेजना.
- Payment से पहले screen पर पाने वाले का नाम ज़रूर जांचें.
- UPI PIN और OTP किसी को न बताएं, bank या app का कर्मचारी भी कभी नहीं मांगता.
- Customer care number सिर्फ app के Help section या official website से लें.
- किसी के कहने पर screen sharing या remote access app install न करें.
- App और phone का software update रखें और app lock चालू रखें.
- SMS या WhatsApp पर आए cashback, KYC या bill के links न खोलें.
- Phone खो जाए तो तुरंत bank से UPI block कराएं और SIM बंद कराएं.
Bihar के UPI users के लिए ज़रूरी बातें
Bihar के छोटे शहरों और गांवों में UPI तेज़ी से बढ़ा है, और ठग भी इन्हीं इलाकों में नए users को निशाना बनाते हैं. आम तरीके हैं: बिजली bill कटने का डर दिखाने वाले SMS, सरकारी योजना की “किस्त” के नाम पर collect request, और दुकान के QR पर नकली sticker.
मान लीजिए किसी को call आता है कि “आपकी योजना की रकम भेज रहे हैं, PIN डालकर accept करें”. यह सीधा fraud है, क्योंकि सरकारी DBT की रकम सीधे bank खाते में आती है और उसके लिए PIN नहीं लगता. ऐसी कोई घटना हो तो Bihar में भी 1930 पर ही call करें, और नज़दीकी cyber थाने में लिखित शिकायत दें.
दुकानदार भाई payment मिलने की पुष्टि customer की screen देखकर नहीं, अपने app या soundbox की सूचना और bank SMS से करें. दिन भर का हिसाब मिलाने के लिए UPI Payment Receipt निकालने का तरीका काम आएगा.
💡 प्रो टिप: रोज़ की छोटी payments के लिए एक अलग bank खाता UPI से जोड़ें और उसमें सीमित रकम रखें. बड़ी बचत वाला खाता UPI से न जोड़ें. ऐसे में अगर कभी fraud हुआ भी, तो नुकसान उसी छोटी रकम तक सीमित रहेगा.
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या PhonePe GPay Paytm से UPI payment सुरक्षित है?
हां, ये सभी NPCI के नियमों पर चलते हैं और payment UPI PIN व device binding से सुरक्षित होता है. ज़्यादातर नुकसान तब होता है जब user ठग के कहने पर PIN डाल देता है या नकली QR scan करता है.
UPI fraud होने पर सबसे पहले क्या करें?
तुरंत 1930 पर call करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत करें. साथ ही जिस app से payment हुआ उसमें और अपने bank में शिकायत दर्ज करें.
क्या पैसा लेने के लिए UPI PIN डालना पड़ता है?
नहीं. UPI PIN सिर्फ पैसा भेजने के लिए लगता है. कोई पैसा भेजने के बहाने PIN डालने को कहे तो वह fraud है.
UPI fraud का पैसा वापस मिल सकता है?
जल्दी शिकायत होने पर पैसा ठग के खाते में hold हो सकता है. अगर गलती आपकी नहीं थी और 3 कामकाजी दिनों में bank को बताया, तो RBI नियमों के तहत आपकी liability शून्य हो सकती है.
PhonePe का official customer care number क्या है?
PhonePe के अनुसार उसका customer care number 080-68727374 या 022-68727374 है और शिकायत support.phonepe.com पर भी की जा सकती है.
Bank जवाब न दे तो कहां शिकायत करें?
Bank 30 दिन में हल न करे तो RBI के cms.rbi.org.in पर Integrated Ombudsman Scheme के तहत शिकायत की जा सकती है.
निष्कर्ष
PhonePe GPay Paytm से payment करना सुरक्षित है, बशर्ते आप UPI PIN, QR code और नकली customer care से जुड़ी सावधानियां रखें. ये apps fraud की शिकायत ले सकते हैं और NPCI के तय क्रम में मामला bank और NPCI तक जाता है.
Fraud हो जाए तो घबराएं नहीं, बल्कि तुरंत 1930, app, bank और ज़रूरत पड़ने पर RBI, इसी क्रम में शिकायत करें. शिकायत जितनी जल्दी होगी, पैसा बचने की संभावना उतनी ज़्यादा होगी.
Official स्रोत: NPCI UPI Dispute Redressal, RBI Complaint Management System, Google Pay Help: fraud से सुरक्षा और National Cyber Crime Reporting Portal.
अस्वीकरण: यह लेख केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के लिए है. App के menu और नियम समय के साथ बदल सकते हैं. शिकायत की ताज़ा प्रक्रिया के लिए app के official Help section, अपने bank और RBI या NPCI की website देखें.








